कानपुर लैंबोर्गिनी कांड: कोर्ट में पेशी

उत्तर प्रदेश के कानपुर में हुए हाई-प्रोफाइल लैंबोर्गिनी हादसे में आखिरकार मुख्य आरोपी शिवम मिश्रा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। तंबाकू कारोबारी केके मिश्रा के बेटे शिवम को करीब 90 घंटे बाद ग्वालटोली क्षेत्र स्थित उसके घर के पास से पकड़ा गया। डीसीपी अतुल श्रीवास्तव ने जानकारी देते हुए बताया कि आरोपी को गुरुवार सुबह गिरफ्तार कर मेडिकल परीक्षण के बाद कोर्ट में पेश किया गया।
कैसे हुआ हादसा?
घटना 8-9 फरवरी 2026 को कानपुर के पॉश इलाके ग्वालटोली की वीआईपी रोड पर हुई। करीब 10 करोड़ रुपये की लैंबोर्गिनी रेवुएल्टो तेज रफ्तार में सड़क पर दौड़ रही थी। कार ने पहले एक ऑटो-रिक्शा को टक्कर मारी, फिर सड़क किनारे खड़ी बुलेट बाइक से जा भिड़ी, इसके बाद कार बेकाबू होकर फुटपाथ पर चढ़ गई, हादसे में कम से कम 6 लोग घायल हुए, घायलों में 18 वर्षीय ई-रिक्शा चालक मोहम्मद तौफीक, विशाल त्रिपाठी और सोनू त्रिपाठी समेत अन्य लोग शामिल हैं।
सीसीटीवी फुटेज से खुला सच
शुरुआत में अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी, जिससे पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठे। बाद में सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और सीसीटीवी फुटेज सामने आए, जिनमें साफ दिखाई दिया कि हादसे के वक्त कार शिवम मिश्रा ही चला रहा था।
पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल ने स्पष्ट कहा: “कानून से ऊपर कोई नहीं है। जांच में मिले सबूतों के आधार पर निष्पक्ष कार्रवाई की जा रही है।”







