फिलीपींस में भूकंप से दहशत: मिंडानाओ में तेज झटके महसूस
Neha Tripathi
0 सेकंड पहलेYeh khabar sabko share karni chahiye!
Harsh Pandya
0 सेकंड पहलेYeh padh ke ankhe khul gayi, sabko dikhao.
Navya Nair
59 मिनट पहलेItni important news, dosto ko zaroor bhejo.
Aarohi Chaudhary
2 घंटे पहलेTrending news — padhe zaroor aur dosto ko bhejo.
फिलीपींस के दक्षिणी हिस्से मिंडानाओ क्षेत्र में सोमवार को आए तेज भूकंप के झटकों ने लोगों को दहशत में डाल दिया। भूकंप के बाद कई इलाकों में लोग घरों और इमारतों से बाहर निकल आए। शुरुआती रिपोर्टों में कुछ स्थानों पर भवनों को नुकसान पहुंचने और अफरा-तफरी की स्थिति बनने की जानकारी सामने आई है। हालांकि प्रशासन की ओर से नुकसान का विस्तृत आकलन अभी जारी है।
रिक्टर स्केल पर 6.3 तीव्रता, गहराई 117 किलोमीटर दर्ज
जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज (GFZ) के अनुसार, मिंडानाओ क्षेत्र में आए इस भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 6.3 मापी गई। भूकंप का केंद्र जमीन से लगभग 117 किलोमीटर (72.7 मील) की गहराई में स्थित था। गहराई अधिक होने के बावजूद झटके काफी व्यापक क्षेत्र में महसूस किए गए, जिससे लोगों में चिंता बढ़ गई।
प्रशासन ने शुरू किया स्थिति का आकलन
भूकंप के तुरंत बाद स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन एजेंसियों ने प्रभावित क्षेत्रों की निगरानी शुरू कर दी। राहत एवं बचाव दलों को सतर्क कर दिया गया है और विभिन्न इलाकों से जानकारी जुटाई जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि भूकंप से हुए संभावित नुकसान और प्रभावित लोगों की संख्या का आकलन किया जा रहा है।
फिलहाल किसी बड़े नुकसान या जनहानि की पुष्टि नहीं
अधिकारियों के अनुसार, समाचार लिखे जाने तक किसी भी व्यक्ति के हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। हालांकि कई क्षेत्रों से भवनों में दरारें आने और लोगों के घरों से बाहर निकलने की खबरें मिली हैं। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और आधिकारिक निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
फिलीपींस भूकंपीय गतिविधियों के लिहाज से संवेदनशील क्षेत्र
फिलीपींस प्रशांत महासागर के "रिंग ऑफ फायर" क्षेत्र में स्थित है, जहां भूकंप और ज्वालामुखीय गतिविधियां अक्सर होती रहती हैं। इसी वजह से देश में समय-समय पर तेज भूकंप दर्ज किए जाते हैं, जिनका असर लाखों लोगों पर पड़ सकता है।
राहत एजेंसियां अलर्ट मोड पर
आपदा प्रबंधन विभाग और स्थानीय प्रशासन प्रभावित क्षेत्रों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। लोगों को अफवाहों से बचने और केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर भरोसा करने की सलाह दी गई है। यदि आफ्टरशॉक आते हैं तो उससे निपटने के लिए भी तैयारियां की जा रही हैं।



