विदिशा के पास दर्दनाक हादसा: ट्रक के नीचे सो रहे चालक की दर्दनाक मौत

Payal jadon
0 सेकंड पहलेGawahon ki suraksha bhi utni hi zaroori hai.
मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम (पूर्व नाम होशंगाबाद) जिले के भिलाखेड़ी गांव निवासी 30 वर्षीय राजेंद्र उर्फ सौरभ चौरे की 7 जून की रात एक दर्दनाक हादसे में मौत हो गई। सौरभ विदिशा जिले के करी गांव के पास स्थित खदान क्षेत्र में ट्रक चालक के रूप में कार्यरत थे। बताया जा रहा है कि वे तुलाराम कंपनी के लिए परिवहन कार्य करते थे। हादसे की खबर मिलते ही परिवार और गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
ट्रक के नीचे आराम कर रहे थे दोनों चालक
प्राप्त जानकारी के अनुसार घटना वाली रात सौरभ और उनका एक साथी चालक ट्रक के नीचे आराम कर रहे थे। बताया गया कि देर रात साथी चालक उठकर ट्रक स्टार्ट कर उसे आगे बढ़ाने लगा। उसका दावा है कि उसे लगा था कि सौरभ भी उठ चुके हैं, लेकिन सौरभ कथित तौर पर ट्रक के नीचे ही सो रहे थे। इसी दौरान ट्रक उनके ऊपर चढ़ गया, जिससे उनकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
साथी चालक से पूछताछ, पुलिस जांच में जुटी
घटना के बाद संबंधित साथी चालक को पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। मामला विदिशा जिले के गुलाबगंज थाना क्षेत्र का बताया जा रहा है। पुलिस घटनास्थल से जुड़े सभी तथ्यों, परिस्थितियों और उपलब्ध साक्ष्यों की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
हादसे की कहानी पर उठ रहे कई सवाल
इस घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों और परिजनों का कहना है कि यदि दोनों चालक एक-दूसरे के पास सो रहे थे, तो वाहन चलाने से पहले साथी चालक ने यह सुनिश्चित क्यों नहीं किया कि उसका साथी सुरक्षित स्थान पर है। आखिर बिना देखे ट्रक आगे बढ़ाने जैसी स्थिति कैसे बनी? इन्हीं सवालों के कारण घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं।
परिजनों ने निष्पक्ष जांच की मांग की
सौरभ चौरे के परिवार का कहना है कि उन्हें मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच पर भरोसा है। परिजन चाहते हैं कि घटना के हर पहलू की गहराई से जांच हो और यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए।
जांच रिपोर्ट के बाद ही सामने आएगी सच्चाई
फिलहाल पुलिस किसी भी संभावना से इनकार नहीं कर रही है और मामले को सभी पहलुओं से जांच रही है। हालांकि अभी तक उपलब्ध जानकारी के आधार पर इसे दुर्घटना माना जा रहा है, लेकिन जांच पूरी होने के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि यह केवल एक दुर्भाग्यपूर्ण हादसा था या इसके पीछे कोई अन्य वजह भी मौजूद थी।
सौरभ चौरे की असमय मौत ने उनके परिवार, मित्रों और पूरे क्षेत्र को गहरे सदमे में डाल दिया है। अब सभी की निगाहें पुलिस जांच और उसकी अंतिम रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं।




