बुलंदशहर में गैस सिलेंडर घोटाला: बिना बुकिंग ‘डिलीवरी’ का मैसेज
Comments
No comments yet. Be the first!
उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने उपभोक्ता अधिकारों और सरकारी आपूर्ति व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहां गैस एजेंसी पर बिना बुकिंग किए सिलेंडर की ‘डिलीवरी’ दिखाने और बड़े स्तर पर कालाबाजारी का आरोप लगा है।
बिना बुकिंग आया ‘डिलीवरी’ मैसेज, उपभोक्ता हैरान
तिरुपति गैस एजेंसी की उपभोक्ता भावना ने खुलासा किया कि उन्होंने गैस सिलेंडर बुक ही नहीं किया था, फिर भी उनके मोबाइल पर “सफलतापूर्वक डिलीवरी” का मैसेज आ गया। जब उन्होंने दोबारा बुकिंग करने की कोशिश की, तो सिस्टम में स्टेटस “Already Delivered” दिखाया गया, कई दिनों तक शिकायत के बावजूद एजेंसी “वेरिफिकेशन” का बहाना बनाती रही, त्योहार (कन्या पूजन) के दौरान भी उन्हें गैस सिलेंडर नहीं मिला, यह मामला डिजिटल सिस्टम में गड़बड़ी या जानबूझकर की गई हेराफेरी की ओर इशारा करता है।
जांच में खुला बड़ा घोटाला: 340 सिलेंडर गायब
प्रशासन और आपूर्ति विभाग की संयुक्त जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए: 14 किलो वाले 291 घरेलू गैस सिलेंडर गायब, 5 किलो के 49 सिलेंडर (घरेलू व व्यावसायिक) का कोई रिकॉर्ड नहीं, गोदाम के स्टॉक और रिकॉर्ड में भारी अंतर पाया गया, जब एजेंसी संचालक से दस्तावेज मांगे गए, तो वह संतोषजनक जवाब नहीं दे सका।
कालाबाजारी की आशंका, व्यावसायिक उपयोग में बेचे गए सिलेंडर?
प्राथमिक जांच में यह संकेत मिला है कि: घरेलू गैस सिलेंडरों को अवैध रूप से व्यावसायिक उपयोग में बेचा जा रहा था, रिकॉर्ड में फर्जी डिलीवरी दिखाकर स्टॉक गायब किया गया, उपभोक्ताओं के हिस्से का गैस बाजार में ऊंचे दाम पर बेचा गया, यह सीधा-सीधा आवश्यक वस्तु अधिनियम का उल्लंघन माना जा रहा है।
SDM के नेतृत्व में कार्रवाई, एजेंसी पर FIR दर्ज
अनूपशहर की SDM प्रियंका गोयल के नेतृत्व में छापेमारी की गई। एजेंसी संचालक और मैनेजर के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम की धारा 3/7 के तहत FIR दर्ज, पूरे वितरण सिस्टम की विस्तृत जांच शुरू, अन्य गैस एजेंसियों में भी हड़कंप,
प्रशासन का बयान: ‘दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा’
जिला आपूर्ति अधिकारी अभय सिंह ने कहा: “आम जनता को मिलने वाली जरूरी वस्तुओं में किसी भी प्रकार की हेराफेरी या कालाबाजारी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।”
बड़े सवाल: क्या सुरक्षित है आपका गैस कनेक्शन?
यह मामला कई गंभीर सवाल खड़े करता है:
क्या डिजिटल इंडिया में उपभोक्ता डेटा सुरक्षित है?
क्या गैस एजेंसियों की निगरानी पर्याप्त है?
क्या आपके नाम पर भी बिना जानकारी के डिलीवरी दिख सकती है?
उपभोक्ताओं के लिए जरूरी सलाह
गैस बुकिंग और डिलीवरी मैसेज को नियमित चेक करें, संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत शिकायत दर्ज करें, अपने कनेक्शन की हिस्ट्री ऑनलाइन जांचते रहें,
बुलंदशहर का यह मामला सिर्फ एक एजेंसी की लापरवाही नहीं, बल्कि सिस्टम में संभावित बड़े घोटाले की ओर इशारा करता है। अगर समय रहते कड़ी कार्रवाई नहीं हुई, तो आम जनता का भरोसा पूरी तरह से टूट सकता है।

