Honeytrap Scam in Belagavi: फैशन डिजाइनर दीपा अवतागी गिरफ्तार

फैशन डिजाइनर दीपा अवतागी गिरफ्तार

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कर्नाटक के बेलगावी से एक सनसनीखेज हनीट्रैप और ठगी का मामला सामने आया है। यहां पुलिस ने सोशल मीडिया के जरिए अमीर पुरुषों को अपने जाल में फंसाकर लूटने वाली एक महिला को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार महिला की पहचान 33 वर्षीय दीपा अवतागी के रूप में हुई है, जो बागलकोट जिले के महालिंगपुर की रहने वाली और पेशे से फैशन डिजाइनर बताई जाती है।
पुलिस के अनुसार, दीपा इंस्टाग्राम और फेसबुक जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए अमीर और प्रभावशाली पुरुषों से दोस्ती करती थी। भरोसा जीतने के बाद वह उन्हें होटल या लॉज में मिलने के लिए बुलाती और फिर चालाकी से उनके पैसे, सोना और यहां तक कि कार लेकर फरार हो जाती थी।

सोशल मीडिया से शुरू होता था हनीट्रैप का खेल
तिलकवाड़ी पुलिस स्टेशन की जांच में सामने आया है कि दीपा बेहद योजनाबद्ध तरीके से लोगों को अपने जाल में फंसाती थी। इंस्टाग्राम और फेसबुक पर अमीर पुरुषों को टारगेट करती, बातचीत के जरिए धीरे-धीरे दोस्ती बढ़ाती, खुद को भरोसेमंद और आकर्षक व्यक्तित्व के रूप में पेश करती, कुछ ही दिनों की बातचीत के बाद वह मुलाकात का प्रस्ताव देती और किसी होटल या लॉज में मिलने के लिए बुला लेती थी।

होटल में बुलाकर करती थी लूट
पुलिस के अनुसार, जब पीड़ित व्यक्ति उससे मिलने लॉज या होटल पहुंचता था, तो वह पहले सामान्य बातचीत करके माहौल को सहज बनाती थी। इसके बाद किसी बहाने से पीड़ित को बाथरूम या फ्रेश होने के लिए भेज देती थी।
जैसे ही व्यक्ति बाथरूम में जाता: कमरे में रखे नकद पैसे, सोना और अन्य कीमती सामान, मोबाइल फोन, कार की चाबियां, लेकर तुरंत वहां से फरार हो जाती थी। कई मामलों में वह पीड़ितों की कार भी लेकर भाग जाती थी।

बाद में करती थी ब्लैकमेलिंग और उगाही
दीपा का खेल सिर्फ चोरी तक ही सीमित नहीं था। पुलिस जांच में पता चला है कि होटल से भागने के बाद वह दूसरे नंबर से पीड़ितों को फोन करती थी और उनसे पैसे मांगती थी। वह कहती थी कि अगर वे उसे पैसे दे दें तो वह उनकी कार या सामान वापस कर देगी। अगर कोई व्यक्ति पैसे देने से मना करता तो वह उसे पुलिस केस में फंसाने की धमकी भी देती थी। बदनामी के डर से कई लोग उसकी मांग मान लेते थे।

साथी आरोपी भी शामिल, अभी फरार
जांच में यह भी सामने आया है कि इस पूरे खेल में दीपा अकेली नहीं थी।
पुलिस के अनुसार: उसका साथी शिवानंद मठपती अमीर लोगों की जानकारी जुटाता था, फिर वही जानकारी दीपा को देता था, इसके बाद दीपा सोशल मीडिया पर उनसे संपर्क करती थी, फिलहाल शिवानंद मठपती पुलिस को चकमा देकर फरार है और उसकी तलाश जारी है।

एक शिकायत से खुला पूरा मामला
यह मामला तब सामने आया जब एक पीड़ित ने हिम्मत करके पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद तिलकवाड़ी पुलिस ने गुप्त जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी सबूतों के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दीपा अवतागी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसके पास से करीब 32 लाख रुपये का लूटा हुआ माल भी बरामद किया है।

पुलिस कर रही है बड़े नेटवर्क की जांच
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पूछताछ में कई और चौंकाने वाली जानकारियां सामने आ रही हैं।
जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि:
अब तक कितने लोगों को इस गैंग ने निशाना बनाया,
इस गिरोह में और कौन-कौन शामिल है,
क्या यह नेटवर्क दूसरे शहरों तक फैला हुआ है,
पुलिस का कहना है कि जल्द ही फरार आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

सोशल मीडिया पर बढ़ रहे हनीट्रैप के मामले
सोशल मीडिया के बढ़ते इस्तेमाल के साथ हनीट्रैप और ऑनलाइन फ्रॉड के मामले भी तेजी से बढ़ रहे हैं। लोगों को अनजान व्यक्तियों से दोस्ती करने और निजी जानकारी साझा करने से पहले सावधानी बरतनी चाहिए।

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