IIT पास इंजीनियर बना ‘साधु’: ऑनलाइन प्रवचन के नाम पर युवतियों को फंसाने का आरोप

Sai Mehta
0 सेकंड पहलेYeh result unexpected tha lekin great effort!
Vivaan Gupta
0 सेकंड पहलेTeam India Zindabad! Aage badhte raho.
उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के गोवर्धन क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है जो खुद को आध्यात्मिक गुरु और भगवान कृष्ण का स्वरूप बताकर युवतियों को अपने प्रभाव में लेने का आरोप झेल रहा है। आरोपी की पहचान अभिषेक मिश्रा (29) के रूप में हुई है, जिसने साधु बनने के बाद अपना नाम बदलकर आदिकर्ता नारायण दास रख लिया था।
IIT की पढ़ाई छोड़ आध्यात्मिक गुरु की छवि बनाई
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने IIT रुड़की से मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की थी और एक निजी कंपनी में नौकरी भी की। बाद में उसने नौकरी छोड़कर मथुरा के राधाकुंड क्षेत्र में अपना ठिकाना बना लिया और ऑनलाइन प्रवचन, भजन-कीर्तन तथा धार्मिक कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों से संपर्क स्थापित करना शुरू किया।
बीएससी नर्सिंग छात्रा ने लगाए दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग के आरोप
छत्तीसगढ़ की रहने वाली 22 वर्षीय बीएससी नर्सिंग छात्रा ने आरोप लगाया है कि आरोपी ने प्रसाद के नाम पर नशीला पदार्थ मिलाकर दूध पिलाया। इसके बाद उसके साथ दुष्कर्म किया गया और कथित रूप से फोटो एवं वीडियो बनाकर उसे ब्लैकमेल किया गया। शिकायत में यह भी आरोप है कि आरोपी ने पांच लाख रुपये की मांग की और रकम न देने पर निजी सामग्री वायरल करने की धमकी दी।
सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्रवचन से बनाता था संपर्क
जांच में सामने आया है कि आरोपी इंस्टाग्राम, यूट्यूब, टेलीग्राम और ज़ूम जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग कर युवाओं से संपर्क करता था। वह धार्मिक प्रवचन और भगवद गीता से जुड़े कार्यक्रम आयोजित कर लोगों का विश्वास जीतता था। पुलिस का कहना है कि आरोपी विशेष रूप से पढ़ी-लिखी और पेशेवर युवतियों को अपने प्रभाव में लेने का प्रयास करता था।
दूसरी पीड़िता ने भी सुनाई आपबीती
मामले में सामने आई एक अन्य युवती ने दावा किया कि वह ऑनलाइन प्रवचनों से प्रभावित होकर पश्चिम बंगाल से मथुरा आकर रहने लगी थी। युवती के अनुसार, आरोपी ने धीरे-धीरे उसका विश्वास जीता और बाद में अनुचित व्यवहार तथा मानसिक दबाव बनाना शुरू किया। पीड़िता का कहना है कि उसे बाद में पता चला कि कई अन्य युवक-युवतियां भी आरोपी के संपर्क में थीं।
मोबाइल से मिले कई आपत्तिजनक फोटो और वीडियो
पुलिस जांच के दौरान आरोपी के मोबाइल फोन से कई युवक-युवतियों के कथित आपत्तिजनक फोटो और वीडियो मिलने की बात सामने आई है। अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में एक दर्जन से अधिक लोगों के आरोपी के प्रभाव में होने की जानकारी मिली है। मामले की विस्तृत जांच जारी है।
राधाकुंड स्थित ठिकाने से युवतियों और एक युवक को कराया गया मुक्त
पुलिस ने आरोपी को राधाकुंड स्थित उसके निवास से गिरफ्तार किया। कार्रवाई के दौरान वहां मौजूद दो युवतियों और एक युवक को सुरक्षित बाहर निकाला गया। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी के नेटवर्क में और कितने लोग शामिल थे तथा कितने लोग उसके संपर्क में आए थे।
पुलिस की जांच जारी
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी के खिलाफ दर्ज शिकायतों और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की गहन जांच की जा रही है। बरामद डिजिटल सामग्री, बैंकिंग लेन-देन और अन्य दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है। मामले में आगे और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
सोशल मीडिया के दौर में बढ़ी सतर्कता की जरूरत
यह मामला एक बार फिर सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से होने वाले कथित शोषण और धोखाधड़ी के खतरों को सामने लाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि किसी भी व्यक्ति पर आंख मूंदकर विश्वास करने से पहले उसकी पृष्ठभूमि और दावों की सत्यता की जांच करना आवश्यक है।





