Screen Protector Rules: स्मार्टफोन स्क्रीन प्रोटेक्टर पर नया नियम, BIS मानक का पालन होगा जरूरी

Myra Dubey
6 घंटे पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
Aryan Malhotra
7 घंटे पहलेHar Hindustani ko yeh padhna aur samajhna chahiye.
Aarohi Chaudhary
8 घंटे पहलेDesh ke navyuvak ko aage aana chahiye is mudde par.
Pranav Srivastava
9 घंटे पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
Riya Jain
10 घंटे पहलेHar Hindustani ko yeh padhna aur samajhna chahiye.
Nidhi kumari
11 घंटे पहलेHamara desh sahi direction mein ja raha hai, umeed hai.
Pranav Srivastava
12 घंटे पहलेBharat tab hi badlega jab log jagruk aur ekjut honge.
Vivaan Gupta
12 घंटे पहलेDesh ke liye yeh ek mahatvapurna khabar hai.
स्क्रीन प्रोटेक्टर पर नया नियम
स्मार्टफोन के स्क्रीन प्रोटेक्टर यानी टेम्पर्ड ग्लास को लेकर सरकार ने नया गुणवत्ता नियम जारी किया है। इसके तहत स्क्रीन प्रोटेक्टर को अनिवार्य भारतीय मानकों के दायरे में लाया गया है, जिससे निर्धारित गुणवत्ता के अनुरूप उत्पादों के निर्माण पर जोर रहेगा।
BIS मानकों का पालन जरूरी
21 सितंबर को जारी अधिसूचना के अनुसार स्क्रीन प्रोटेक्टर को Electronics and Information Technology Goods (Requirement of Compulsory Registration) Order, 2021 में शामिल किया गया है। इसके बाद संबंधित उत्पादों के लिए निर्धारित भारतीय मानकों का पालन करना जरूरी होगा।
अप्रैल 2027 से लागू होगा नियम
नए प्रावधान के तहत स्मार्टफोन स्क्रीन प्रोटेक्टर का निर्माण भारतीय मानक IS 19348:2025 के अनुरूप करना होगा। यह मानक ‘Glass Screen Protector – Specification’ के नाम से जारी किया गया है और नियम 1 अप्रैल 2027 से लागू होगा।
ग्लास की गुणवत्ता और मजबूती पर जोर
IS 19348:2025 में स्क्रीन प्रोटेक्टर के ग्लास की गुणवत्ता, आकार और मजबूती से संबंधित आवश्यकताएं तय की गई हैं। इसका उद्देश्य बाजार में उपलब्ध स्क्रीन प्रोटेक्टर को एक समान निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप लाना है।
कई अतिरिक्त फीचर्स भी शामिल
नया मानक केवल ग्लास की गुणवत्ता तक सीमित नहीं है। इसमें एडहेसिव, एंटी-शैटर फिल्म, एंटी-ग्लेयर कोटिंग, ब्लू-लाइट फिल्टर और प्राइवेसी लेयर जैसी सुविधाओं से जुड़े प्रावधान भी शामिल किए गए हैं।
मानक पूरा नहीं करने वाले उत्पादों पर असर
नियम लागू होने के बाद ऐसे स्क्रीन प्रोटेक्टर के निर्माण और बिक्री पर असर पड़ सकता है जो निर्धारित भारतीय मानकों को पूरा नहीं करते। इसे केवल लोकल उत्पादों पर रोक के तौर पर नहीं, बल्कि निर्धारित BIS मानकों के अनुरूप उत्पादों की अनिवार्यता के रूप में समझना होगा।
ग्राहकों को मिल सकता है फायदा
नए मानकों के लागू होने से ग्राहकों को स्क्रीन प्रोटेक्टर खरीदते समय निर्धारित गुणवत्ता वाला उत्पाद मिलने की संभावना बढ़ेगी। नियम लागू होने के बाद बाजार में उपलब्ध उत्पादों की गुणवत्ता की जांच भी संबंधित नियामकीय व्यवस्था के तहत की जा सकेगी।








