आशुतोष तिवारी ने भीतरघात के लगाए आरोप: आशुतोष तिवारी ने ऑडियो रिकॉर्डिंग और दस्तावेज किए प्रस्तुत

Nidhi kumari
1 दिन पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Rohan Desai
1 दिन पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Ishaan Tiwari
1 दिन पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Dhruv Bhatt
1 दिन पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Ritika Ghosh
1 दिन पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Shruti Bajpai
1 दिन पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Harsh Pandya
1 दिन पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Ada khan
1 दिन पहलेBahut achhi reporting ki hai, keep it up!
Sonu rai
1 दिन पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Sneha Menon
1 दिन पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Myra Dubey
1 दिन पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Ravi sinha
1 दिन पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Rohan Desai
1 दिन पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Vihaan Patel
1 दिन पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Anjali Patil
1 दिन पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Navya Nair
1 दिन पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Harsh Pandya
1 दिन पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Riya Jain
1 दिन पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Taushif Shekh
1 दिन पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Sonu rai
1 दिन पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Monika Das
1 दिन पहलेBahut achhi reporting ki hai, keep it up!
Neel Saxena
1 दिन पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Arjun Singh
1 दिन पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Anjali Patil
1 दिन पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Neha Tripathi
1 दिन पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Aarohi Chaudhary
1 दिन पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Aarohi Chaudhary
1 दिन पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Kavya Mishra
1 दिन पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Monika Das
1 दिन पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
Aarohi Chaudhary
1 दिन पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Rohan Desai
1 दिन पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Ananya Sharma
1 दिन पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Pihu Agarwal
1 दिन पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
Arjun Singh
1 दिन पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Priya Iyer
1 दिन पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Aarav Sharma
1 दिन पहलेChunav ke baad sab bhool jaate hain, yahi haqeeqat hai.
Ayaan Khan
1 दिन पहलेBahut achhi reporting ki hai, keep it up!
Vivaan Gupta
1 दिन पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Nisha Shah
1 दिन पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Arjun Singh
1 दिन पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Navya Nair
1 दिन पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Anil Sen
1 दिन पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Pooja Reddy
1 दिन पहलेBahut achhi reporting ki hai, keep it up!
दतिया विधानसभा उपचुनाव में मिली हार के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के भीतर सियासी हलचल तेज हो गई है। भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी ने चुनाव में भीतरघात और संगठन स्तर पर असहयोग के गंभीर आरोप लगाए हैं। हार के बाद मुख्यमंत्री निवास, भोपाल में आयोजित हाईलेवल समीक्षा बैठक में वे कथित ऑडियो रिकॉर्डिंग और अन्य दस्तावेजों के साथ पहुंचे। पार्टी नेतृत्व ने पूरे घटनाक्रम को गंभीरता से लेते हुए हार के कारणों की विस्तृत समीक्षा शुरू कर दी है। हालांकि, भीतरघात और ऑडियो रिकॉर्डिंग से जुड़े दावों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और जांच प्रक्रिया जारी है।
समीक्षा बैठक में भीतरघात का मुद्दा सबसे प्रमुख रहा
भाजपा की हाईलेवल समीक्षा बैठक में दतिया उपचुनाव की हार के कारणों पर विस्तार से चर्चा की गई। सूत्रों के अनुसार बैठक में संगठन की भूमिका, चुनावी रणनीति और स्थानीय स्तर पर सामने आई चुनौतियों का विश्लेषण किया गया। चर्चा के दौरान भीतरघात का मुद्दा प्रमुख रूप से उभरा। पार्टी नेतृत्व ने सभी पहलुओं की निष्पक्ष समीक्षा करने का संकेत दिया है ताकि वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।
आशुतोष तिवारी ने ऑडियो रिकॉर्डिंग और दस्तावेज किए प्रस्तुत
सूत्रों के मुताबिक भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी बैठक में कुछ कथित ऑडियो रिकॉर्डिंग और अन्य दस्तावेज लेकर पहुंचे थे। उन्होंने दावा किया कि चुनाव के दौरान पार्टी के कुछ लोगों ने अपेक्षित सहयोग नहीं किया। समीक्षा बैठक में इन तथ्यों पर चर्चा हुई। हालांकि, इन ऑडियो रिकॉर्डिंग की प्रामाणिकता और आरोपों की पुष्टि फिलहाल जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
पार्षदों और स्थानीय नेताओं की भूमिका पर उठे सवाल
बैठक के दौरान दतिया और आसपास के क्षेत्र के कुछ पार्षदों तथा स्थानीय नेताओं की भूमिका को लेकर भी सवाल उठे। सूत्रों के अनुसार कुछ जनप्रतिनिधियों पर चुनाव में असहयोग करने के आरोप लगाए गए हैं। दूसरी ओर संबंधित पक्षों ने इन आरोपों को स्वीकार नहीं किया है। पार्टी के भीतर इस विषय पर मंथन जारी है और संगठन सभी पक्षों से जानकारी जुटा रहा है।
भाजपा ने बनाई दो सदस्यीय जांच समिति
दतिया उपचुनाव में हार के कारणों की जांच के लिए भाजपा ने दो सदस्यीय समिति का गठन किया है। प्रदेश महामंत्री गौरव रणदिवे और वरिष्ठ नेता अंबाराम कराड़ा को समीक्षा की जिम्मेदारी सौंपी गई है। समिति स्थानीय कार्यकर्ताओं, पदाधिकारियों और संबंधित नेताओं से चर्चा कर विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेगी, जिसे पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को सौंपा जाएगा।
रिपोर्ट के बाद संगठनात्मक कार्रवाई के संकेत
सूत्रों के अनुसार समीक्षा रिपोर्ट के आधार पर संगठनात्मक स्तर पर आवश्यक निर्णय लिए जा सकते हैं। जिला कार्यकारिणी में बदलाव और जिम्मेदार पदाधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की संभावनाओं पर भी चर्चा चल रही है, हालांकि अभी तक पार्टी की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। बैठक के बाद अधिकांश नेताओं ने मीडिया से दूरी बनाए रखी। वहीं प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और आशुतोष तिवारी की अलग से हुई चर्चा ने राजनीतिक अटकलों को और तेज कर दिया है। अब सभी की नजर जांच समिति की रिपोर्ट और पार्टी नेतृत्व के अंतिम निर्णय पर टिकी हुई है।






