Salal Dam Gates Open In Reasi: चिनाब का जलस्तर बढ़ा, सलाल डैम के गेट खुले

Anika Rajput
12 घंटे पहलेHar Hindustani ko yeh padhna aur samajhna chahiye.
Diya Gupta
14 घंटे पहलेDesh ke navyuvak ko aage aana chahiye is mudde par.
Rohan Desai
16 घंटे पहलेBharat Mata ki Jai! Yeh khabar garv dilati hai.
Priya Iyer
16 घंटे पहलेHar Hindustani ko yeh padhna aur samajhna chahiye.
Ritika Ghosh
17 घंटे पहलेBharat Mata ki Jai! Yeh khabar garv dilati hai.
Harsh Pandya
18 घंटे पहलेBharat Mata ki Jai! Yeh khabar garv dilati hai.
Ayaan Khan
20 घंटे पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
Vihaan Patel
20 घंटे पहलेDesh ke navyuvak ko aage aana chahiye is mudde par.
जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में चिनाब नदी का जलस्तर बढ़ने के बाद सलाल बांध के गेट खोले गए। ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में बारिश के कारण बांध के जलाशय में पानी की आवक बढ़ने की जानकारी सामने आई है। जलस्तर और पानी के दबाव को नियंत्रित करने के लिए बांध से अतिरिक्त पानी छोड़ा गया। इससे चिनाब नदी के बहाव में भी बढ़ोतरी हुई है। अधिकारियों की ओर से नदी के आसपास के हालात पर नजर रखी जा रही है।
लोगों को नदी से दूर रहने की सलाह
सलाल डैम से पानी छोड़े जाने के बाद प्रशासन और अधिकारियों ने लोगों से चिनाब नदी के किनारे नहीं जाने की अपील की है। खासतौर पर निचले इलाकों और नदी के आसपास रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। तेज बहाव वाले पानी में उतरना या नदी के करीब जाना जोखिम भरा हो सकता है। लगातार बारिश की स्थिति को देखते हुए जलस्तर और बहाव पर निगरानी रखी जा रही है। लोगों से प्रशासन की सुरक्षा संबंधी सलाह का पालन करने को कहा गया है।
भारी बारिश से बढ़ी पानी की आवक
रियासी और ऊपरी इलाकों में बारिश के चलते चिनाब नदी में पानी की आवक बढ़ने की रिपोर्ट सामने आई है। इससे सलाल जलाशय में भी पानी का स्तर और दबाव बढ़ा। ऐसे हालात में बांध से नियंत्रित तरीके से पानी छोड़कर जलाशय के स्तर को प्रबंधित किया जाता है। सितंबर की शुरुआत में भी बढ़ते जलस्तर के बीच सलाल बांध के चार गेट खोले जाने की रिपोर्ट आई थी। उस दौरान भी पानी को धीरे-धीरे छोड़े जाने और नदी के बहाव पर निगरानी की जानकारी दी गई थी।
सलाल बांध से नियंत्रित जल निकासी
सलाल बांध चिनाब नदी पर रियासी जिले में स्थित जलविद्युत परियोजना है। बारिश के दौरान जब जलाशय में पानी की आवक बढ़ती है, तो अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए बांध के गेट खोले जा सकते हैं। हालिया रिपोर्टों में भी गेट खोले जाने को बढ़े हुए जलप्रवाह और जलस्तर को नियंत्रित करने से जोड़ा गया है। फिलहाल उपलब्ध जानकारी में इसे नियंत्रित जल निकासी की कार्रवाई के तौर पर बताया गया है। नदी के निचले हिस्सों में रहने वाले लोगों के लिए सावधानी बरतना जरूरी बताया गया है।
नदी किनारे जाने से बचें
चिनाब नदी में पानी का बहाव बढ़ने के बाद स्थानीय लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। बांध के गेट खुलने के बाद नदी के जलस्तर और प्रवाह में अचानक बदलाव हो सकता है। इसलिए नदी, नालों और निचले इलाकों के आसपास अनावश्यक रूप से जाने से बचने की सलाह दी गई है। प्रशासन की ओर से जारी स्थानीय चेतावनियों पर नजर रखना भी जरूरी है। खासकर बच्चों और नदी किनारे जाने वाले लोगों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने को कहा गया है।
हालात पर प्रशासन की नजर
सलाल बांध से पानी छोड़े जाने के बाद चिनाब नदी के जलस्तर और बहाव की निगरानी की जा रही है। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार अधिकारियों ने लगातार बारिश और बढ़ती पानी की आवक को देखते हुए एहतियाती कदम उठाए हैं। फिलहाल उपलब्ध विश्वसनीय रिपोर्टों में किसी बड़े नुकसान की पुष्टि नहीं है। जलस्तर और मौसम की स्थिति बदलने पर प्रशासन की ओर से आगे नई एडवाइजरी जारी की जा सकती है। लोगों से अपील है कि वे अफवाहों पर भरोसा न करें और केवल आधिकारिक स्थानीय सूचनाओं के आधार पर ही सावधानी बरतें।





