cases registered illegal liquor: उमरिया में अवैध शराब पर आबकारी का बड़ा एक्शन
Yash Kulkarni
0 सेकंड पहलेHar Hindustani ko yeh padhna aur samajhna chahiye.
Payal jadon
0 सेकंड पहलेIs niti se desh ka bhala hoga ya nahi — debate honi chahiye.
Navya Nair
0 सेकंड पहलेDesh ke liye yeh ek mahatvapurna khabar hai.
Diya Gupta
0 सेकंड पहलेJai Hind! Desh pahle, baaki sab baad mein.
Sai Mehta
0 सेकंड पहलेIs niti se desh ka bhala hoga ya nahi — debate honi chahiye.
Navya Nair
0 सेकंड पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
उमरिया जिले में अवैध शराब के निर्माण और कारोबार के खिलाफ आबकारी विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। 10 सितंबर को आबकारी वृत्त मानपुर और नौरोजाबाद की टीमों ने जिले के कई ग्रामीण क्षेत्रों में दबिश दी। कार्रवाई ताला, चिल्हारी, महरोई, खेरवा, पलझा, देवगवां, बंधवाटोला और चंगेरा समेत कई स्थानों पर की गई। विभाग की टीम ने मौके से 25 लीटर हाथभट्टी मदिरा और 690 किलोग्राम महुआ लाहन बरामद किया।
14 मामलों में आबकारी एक्ट के तहत कार्रवाई
अवैध मदिरा के खिलाफ चलाए गए इस अभियान में मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम के तहत कुल 14 प्रकरण दर्ज किए गए हैं। विभाग के अनुसार बरामद महुआ लाहन को नियमानुसार नष्ट किया गया, जबकि जब्त शराब को कार्रवाई में लिया गया। मामलों को विवेचना में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया की जा रही है।
25 लीटर हाथभट्टी शराब बरामद
कार्रवाई के दौरान आबकारी टीम को ग्रामीण इलाकों में अवैध शराब निर्माण से जुड़ी सामग्री भी मिली। टीम ने तैयार हाथभट्टी मदिरा को जब्त किया और बड़ी मात्रा में शराब बनाने के लिए इस्तेमाल होने वाले महुआ लाहन को नष्ट किया। विभाग का अभियान अवैध शराब के निर्माण, संग्रहण, बिक्री और परिवहन के खिलाफ चलाया जा रहा है।
एक दिन पहले भी हुई थी बड़ी कार्रवाई
उमरिया में 9 सितंबर को भी आबकारी विभाग ने अलग अभियान चलाया था। उस कार्रवाई में 47 लीटर हाथभट्टी मदिरा और करीब 2,800 किलोग्राम महुआ लाहन बरामद किया गया था। उस मामले में चार प्रकरण दर्ज किए गए थे। इस आंकड़े को 10 सितंबर की कार्रवाई के 690 किलो लाहन के साथ मिलाकर एक ही कार्रवाई का आंकड़ा बताना सही नहीं होगा।
अवैध शराब के खिलाफ अभियान जारी
आबकारी विभाग की लगातार हो रही कार्रवाई से जिले में अवैध शराब निर्माण और बिक्री से जुड़े कारोबार पर निगरानी बढ़ने का संकेत है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार सूचना मिलने पर संवेदनशील क्षेत्रों में दबिश दी जा रही है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी। उपलब्ध रिपोर्टों के आधार पर इस कार्रवाई को बड़ी कार्रवाई कहा जा सकता है, लेकिन इसे “अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई” कहना फिलहाल प्रमाणित नहीं है।







