Grandfather Kills Grandson: लोनावला में संपत्ति विवाद में दादा ने वकील पोते की गोली मारकर हत्या की

Reyansh Joshi
1 घंटे पहलेYeh incident sun ke dil bhaari ho gaya.
Tanya Bajaj
5 घंटे पहलेAise logon ko chhoda bilkul nahi jaana chahiye.
Sonu rai
5 घंटे पहलेPolice ko aur tezi se karyawahi karni chahiye.
Saanvi Pandey
8 घंटे पहलेKanoon ko apna kaam karna chahiye bina der ke.
Harsh Pandya
9 घंटे पहलेSociety ke liye yeh bahut badi chinta ka vishay hai.
Pooja Reddy
10 घंटे पहलेSociety ke liye yeh bahut badi chinta ka vishay hai.
Ravi sinha
11 घंटे पहलेPeedit ko jald se jald nyay milna chahiye.
लोनावला में हादसा बताई गई मौत निकली हत्या
पुणे के लोनावला में 33 वर्षीय वकील अभय मराठे की गोली लगने से हुई मौत का मामला जांच के बाद हत्या में बदल गया। पुलिस के मुताबिक, 83 वर्षीय दादा मोतीराम मराठे ने संपत्ति बेचने को लेकर हुए विवाद के दौरान अपने पोते को गोली मार दी। घटना के बाद परिवार ने इसे हादसा बताकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की थी।
परिवार ने बताई थी दुर्घटना की कहानी
सोमवार दोपहर पुलिस को लोनावला के एक अस्पताल से सूचना मिली कि अभय मराठे की सीने में गोली लगने से मौत हो गई है। परिवार की ओर से बताया गया कि अभय अपने दादा की 12-बोर लाइसेंसी राइफल साफ कर रहे थे और इसी दौरान अचानक गोली चल गई। शुरुआती जानकारी के आधार पर पुलिस ने इसे दुर्घटना मानकर जांच शुरू की।
पोस्टमार्टम के बाद पुलिस को हुआ शक
अभय के शव को पोस्टमार्टम के लिए पुणे के ससून जनरल अस्पताल भेजा गया। ग्रामीण एसपी संदीप सिंह गिल और वरिष्ठ अधिकारियों ने गोली लगने की परिस्थितियों की बारीकी से जांच की। पुलिस को घाव की प्रकृति और बताई गई घटना के बीच अंतर नजर आया, जिसके बाद मामले को हादसे के बजाय हत्या के एंगल से जांचा जाने लगा।
होटल में मिले खून के धब्बों से खुला राज
पुलिस जब उस होटल पहुंची, जहां घटना हुई थी, तो काउंटर के पास दीवार पर खून के बड़े धब्बे और छींटे मिले। जमीन पर भी खून फैला हुआ था। दीवार पर करीब पांच फीट की ऊंचाई तक मिले खून के निशानों ने पुलिस के शक को और मजबूत कर दिया। इसके बाद सीसीटीवी और अन्य सबूतों की जांच से घटना की पूरी तस्वीर सामने आने लगी।
संपत्ति विवाद में हुई थी गोलीबारी
जांच में सामने आया कि मोतीराम मराठे और उनके पोते अभय के बीच संपत्ति बेचने को लेकर पहले से विवाद चल रहा था। पुलिस के अनुसार, सोमवार सुबह करीब 11:30 बजे दोनों के बीच इसी मुद्दे को लेकर तीखी बहस हुई। इसी दौरान विवाद बढ़ गया और मोतीराम ने अपनी लाइसेंसी राइफल से अभय पर गोली चला दी।
हत्या के बाद सबूत मिटाने की कोशिश
पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद आरोपी परिवार के अन्य रिश्तेदार होटल पहुंचे। उन्होंने अभय के शव को दूसरे कमरे में शिफ्ट किया और होटल के सीसीटीवी कैमरे तथा डीवीआर को हटाकर छिपा दिया। आरोपियों पर होटल कर्मचारियों को घटना के बारे में चुप रहने की धमकी देने का भी आरोप है। इस तरह हत्या को दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की गई।
दादा समेत पांच आरोपी गिरफ्तार
मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने 83 वर्षीय मोतीराम मराठे को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया। इसके अलावा सबूत छिपाने के आरोप में राजश्री पवार, हिरामन मराठे, कविता मराठे और मनोज मराठे को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या, सबूत मिटाने और आर्म्स एक्ट से जुड़ी धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच आगे बढ़ा दी है।








