Jamui Case: जमुई मामले में दो मुख्य आरोपी गिरफ्तार, नंदन यादव मुठभेड़ में घायल

Anjali Patil
18 घंटे पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Anika Rajput
19 घंटे पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Saanvi Pandey
20 घंटे पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Sneha Menon
21 घंटे पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Trapti Tanwar
22 घंटे पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Dev Kapoor
23 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Harsh Pandya
1 दिन पहलेChunav ke baad sab bhool jaate hain, yahi haqeeqat hai.
Ishaan Tiwari
1 दिन पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
घटना के बाद गिरफ्तारी
बिहार के जमुई में 19 सितंबर को नाबालिग छात्र-छात्रा के साथ कथित बदसलूकी और छेड़छाड़ का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज की। मुख्य आरोपी बताए जा रहे नंदन यादव और हरेराम यादव को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, कार्रवाई जमुई-लखीसराय सीमा के पास किऊल नदी क्षेत्र में हुई। मामले में अब तक कई आरोपियों को पकड़ा गया है और अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी जांच जारी है।
पुलिस कार्रवाई
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तारी के दौरान नंदन यादव के पैर में गोली लगी, जबकि हरेराम यादव भागने की कोशिश में घायल हुआ। दोनों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो सामने आने के बाद आरोपियों की तलाश के लिए लगातार छापेमारी की जा रही थी। पुलिस ने यह भी बताया कि मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल का गठन किया गया है।
वीडियो से शुरू हुआ मामला
मामला उस समय सामने आया जब नाबालिग छात्र और छात्रा के साथ कथित बदसलूकी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। पुलिस ने वीडियो और उसमें दिखाई दे रहे लोगों के आधार पर पहचान की प्रक्रिया शुरू की। पुलिस के अनुसार, घटना 19 सितंबर की शाम हुई थी और दोनों नाबालिग कोचिंग से लौट रहे थे। मामले में POCSO समेत संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।
जांच में सामने आए आरोपी
पुलिस ने वायरल वीडियो और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की। रिपोर्टों के अनुसार, वीडियो में चेहरा ढके एक व्यक्ति की पहचान हरेराम यादव के रूप में हुई, जबकि नंदन यादव को भी मामले का मुख्य आरोपी बताया गया है। पुलिस ने घटना में शामिल अन्य लोगों की पहचान और उनकी भूमिका की जांच जारी रखी है।
गमछे के रंग पर सियासत
घटना के बाद राजनीतिक बयानबाजी में आरोपियों के गमछे के रंग का मुद्दा भी सामने आया। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और सरकार पर तंज कसा तथा मामले में राजनीतिक और जातीय एंगल तलाशने का आरोप लगाया। उनके पोस्ट में आरोपी के गमछे के रंग का भी जिक्र था। यह तेजस्वी यादव का राजनीतिक आरोप है।
बीजेपी का पलटवार
तेजस्वी यादव के बयान के बाद बिहार बीजेपी ने सोशल मीडिया पर पलटवार करते हुए आरोपियों को आरजेडी से जोड़ने वाला दावा किया। बीजेपी की ओर से लालू प्रसाद यादव के पुराने बयान का हवाला देते हुए राजनीतिक प्रतिक्रिया दी गई। इन बयानों के बीच घटना की पुलिस जांच अपने स्तर पर जारी है।
कानून व्यवस्था पर सियासी विवाद
जमुई की घटना को लेकर बिहार में कानून व्यवस्था पर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। तेजस्वी यादव ने सरकार की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए और मुख्यमंत्री से जवाबदेही की मांग की। वहीं, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता सुशासन है और अपराधी की पहचान किसी जाति या धर्म से नहीं की जानी चाहिए।
वायरल वीडियो फैलाने पर भी कार्रवाई
पुलिस ने घटना की जांच के साथ-साथ वायरल वीडियो को सोशल मीडिया पर फैलाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई शुरू की है। पुलिस के अनुसार, नाबालिग पीड़िता की पहचान उजागर करने वाला वीडियो साझा करना कानूनन गंभीर मामला है। लोगों से वीडियो को आगे शेयर या रीपोस्ट न करने की अपील की गई है। मामले की जांच पुलिस और SIT द्वारा जारी है।








