Instagram crime Case: किशोरी की तलाश, इंस्टाग्राम से पहचान

किशोरी की तलाश, इंस्टाग्राम से पहचान
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सोशल मीडिया पर हुई पहचान के बाद किशोरी को दूसरे राज्य ले जाने और यौन शोषण के गंभीर आरोपों से जुड़ा मामला सामने आया है। मध्य प्रदेश के सतना जिले से जुड़े इस प्रकरण में पुलिस ने 19 वर्षीय जीशान सलमानी, निवासी बांदा, को महाराष्ट्र के पालघर जिले से गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, किशोरी के लापता होने की शिकायत मिलने के बाद उसकी तलाश शुरू की गई थी। साइबर टीम की सहायता से पुलिस किशोरी तक पहुंची और उसके बयान के आधार पर आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई।

 

  किशोरी के लापता होने पर परिजनों ने दी सूचना

पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, किशोरी के परिजनों ने 10 अक्टूबर को उसके लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उसकी तलाश शुरू की। किशोरी का पता लगाने के लिए तकनीकी जानकारी जुटाई गई और साइबर टीम की मदद ली गई। जांच के दौरान पुलिस को महाराष्ट्र के पालघर जिले के पेल्हार थाना क्षेत्र तक पहुंचने में सफलता मिली, जहां से किशोरी को खोज निकाला गया।

 

  इंस्टाग्राम पर संपर्क, मुंबई ले जाने का आरोप

पुलिस के अनुसार, किशोरी ने अपने बयान में बताया कि उसकी पहचान जीशान सलमानी से इंस्टाग्राम के जरिए हुई थी। दोनों के बीच लगभग एक वर्ष से बातचीत होने की जानकारी सामने आई है। आरोप है कि युवक किशोरी को अपने साथ मुंबई ले गया, जहां उसके साथ दुष्कर्म किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने किशोरी के बयान दर्ज किए और उसके आधार पर आगे की जांच शुरू की। आरोपों से जुड़े तथ्यों का निर्धारण जांच और न्यायिक प्रक्रिया के माध्यम से होगा।

 

 साइबर टीम की मदद से आरोपी तक पहुंची पुलिस

किशोरी की तलाश के दौरान पुलिस ने तकनीकी जानकारी और साइबर टीम के सहयोग से महाराष्ट्र में कार्रवाई की। पेल्हार थाना क्षेत्र से किशोरी का पता लगाने के बाद पुलिस ने आरोपी की तलाश तेज की। इसके बाद जीशान सलमानी को पालघर जिले से गिरफ्तार किया गया। इस कार्रवाई में सोशल मीडिया संपर्क से संबंधित जानकारी और तकनीकी जांच अहम रही।

 

   BNS, पॉक्सो और एससी-एसटी एक्ट में प्रकरण

पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS), पॉक्सो एक्ट और एससी-एसटी एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। किशोरी नाबालिग होने के कारण प्रकरण में पॉक्सो कानून के प्रावधान भी लागू किए गए हैं। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां की प्रक्रिया के बाद उसे सतना की केंद्रीय जेल भेज दिया गया। मामले में आगे की कार्रवाई नियमानुसार जारी है।

 

   सोशल मीडिया पर अनजान लोगों से संपर्क में सतर्कता जरूरी

यह मामला ऑनलाइन पहचान के बाद सामने आए गंभीर आरोपों की ओर ध्यान दिलाता है। सोशल मीडिया पर किसी व्यक्ति से लंबे समय तक बातचीत होने के बावजूद उसकी वास्तविक पहचान और मंशा की पूरी जानकारी होना जरूरी नहीं है। विशेषकर नाबालिगों की ऑनलाइन सुरक्षा को लेकर अभिभावकों और जिम्मेदार वयस्कों को सतर्क रहना चाहिए। किसी बच्चे के लापता होने या उसके साथ अपराध की आशंका होने पर तत्काल पुलिस को सूचना देना महत्वपूर्ण है।

 

आरोपी गिरफ्तार, मामले का फैसला न्यायिक प्रक्रिया से होगा

सतना पुलिस ने किशोरी की गुमशुदगी की शिकायत के बाद उसकी तलाश कर उसे महाराष्ट्र से खोज निकाला। पीड़िता के बयान के आधार पर आरोपी के विरुद्ध मामला दर्ज कर गिरफ्तारी की गई। फिलहाल, आरोपी को न्यायालय में पेश किए जाने के बाद जेल भेजे जाने की जानकारी सामने आई है। मामले में लगाए गए आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच, उपलब्ध साक्ष्यों और न्यायालय की प्रक्रिया के आधापर होगी।

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