UPI AutoPay Fraud: फ्री ट्रायल और छोटे सब्सक्रिप्शन के नाम पर हर महीने कट रहे पैसे

Anika Rajput
0 सेकंड पहलेSociety ke liye yeh bahut badi chinta ka vishay hai.
Krishna Yadav
2 घंटे पहलेPeedit ko jald se jald nyay milna chahiye.
Payal jadon
3 घंटे पहलेKanoon ko apna kaam karna chahiye bina der ke.
Monika Das
6 घंटे पहलेKanoon ko apna kaam karna chahiye bina der ke.
Ishaan Tiwari
7 घंटे पहलेAise logon ko chhoda bilkul nahi jaana chahiye.
UPI ने डिजिटल पेमेंट को बेहद आसान बना दिया है, लेकिन इसके बढ़ते इस्तेमाल के साथ साइबर फ्रॉड के नए तरीके भी सामने आ रहे हैं। अब UPI AutoPay के जरिए होने वाली अनचाही कटौतियों को लेकर भी यूजर्स को सतर्क रहने की जरूरत है। कई मामलों में फ्री ट्रायल, सस्ते सब्सक्रिप्शन या लोन-इंश्योरेंस पेमेंट के नाम पर यूजर से ऑटो-पे मैंडेट मंजूर कराया जाता है, जिसके बाद तय समय पर खाते से पैसे अपने आप कट सकते हैं।
₹79 या ₹99 जैसी छोटी रकम से शुरू होता है खेल
इस तरह के मामलों में कई बार शुरुआत बेहद छोटी रकम से होती है। यूजर को ₹1 के फ्री ट्रायल या कम कीमत वाले सब्सक्रिप्शन का ऑफर दिया जाता है। इसी प्रक्रिया में AutoPay की अनुमति ले ली जाती है। इसके बाद ₹79, ₹99, ₹149 या ₹199 जैसी रकम समय-समय पर खाते से कट सकती है। छोटी रकम होने के कारण कई लोग शुरुआती कटौतियों पर ध्यान नहीं देते।
फर्जी AutoPay या कलेक्ट रिक्वेस्ट से भी रहें सावधान
साइबर ठग यूजर्स को फर्जी पेमेंट रिक्वेस्ट भेजकर भी भ्रमित करने की कोशिश कर सकते हैं। पर्सनल लोन, इंश्योरेंस, रिफंड या किसी अन्य सेवा के नाम पर भेजी गई संदिग्ध रिक्वेस्ट को जल्दबाजी में मंजूर करना नुकसानदायक हो सकता है। किसी भी UPI मैंडेट को स्वीकार करने से पहले यह देखना जरूरी है कि पैसा किस कंपनी या व्यक्ति को जा रहा है और भुगतान किस उद्देश्य से लिया जा रहा है।
UPI AutoPay में UPI PIN की भूमिका समझना जरूरी
UPI AutoPay में एक बार मैंडेट सेट होने के बाद भविष्य की निर्धारित कटौतियां ऑटोमैटिक तरीके से हो सकती हैं। इसलिए केवल यह मान लेना सुरक्षित नहीं है कि हर बार पैसे कटने से पहले UPI PIN मांगा जाएगा। यूजर को समय-समय पर अपने सक्रिय मैंडेट और सब्सक्रिप्शन की जांच करनी चाहिए।
ऐसे चेक करें और रद्द करें AutoPay मैंडेट
अगर आपके खाते से किसी अनजान सेवा के लिए लगातार पैसे कट रहे हैं, तो अपने UPI ऐप में AutoPay, Mandates या Payment Management सेक्शन देखें। यहां सक्रिय मैंडेट की जानकारी मिल सकती है। जिस सब्सक्रिप्शन या मैंडेट की जरूरत नहीं है, उसे तुरंत रद्द या Revoke करें।
अनजान लिंक और ऑफर से रहें दूर
फ्री ट्रायल, भारी डिस्काउंट या तुरंत लोन जैसे ऑफर देखकर बिना जानकारी के AutoPay की अनुमति न दें। किसी अनजान वेबसाइट या ऐप पर बैंक और UPI से जुड़ी संवेदनशील जानकारी साझा करने से भी बचें। खासतौर पर किसी व्यक्ति के कहने पर UPI PIN डालकर पेमेंट रिक्वेस्ट मंजूर न करें।
UPI का बढ़ता इस्तेमाल बना साइबर अपराधियों का निशाना
UPI के जरिए डिजिटल लेनदेन में लगातार तेजी आई है। वित्त मंत्रालय द्वारा 28 फरवरी 2025 को जारी आंकड़ों के अनुसार, जनवरी 2025 में UPI लेनदेन की संख्या 16.99 अरब से अधिक रही और कुल लेनदेन मूल्य ₹23.48 लाख करोड़ से ज्यादा था। डिजिटल पेमेंट के इतने बड़े पैमाने के कारण UPI से जुड़े फ्रॉड के नए तरीके भी साइबर अपराधियों के लिए आकर्षण का केंद्र बन रहे हैं।
‘साइबर लिटरेसी’ में समझें AutoPay Scam से बचने का तरीका
UPI AutoPay सुविधा खुद में भुगतान को आसान और सुविधाजनक बनाने के लिए है, लेकिन इसका इस्तेमाल करते समय जागरूक रहना जरूरी है। किसी भी मैंडेट को मंजूर करने से पहले उसकी अवधि, रकम और प्राप्तकर्ता की जानकारी जरूर जांचें। अनजान AutoPay दिखाई देने पर उसे रद्द करें और बैंक या संबंधित UPI सेवा प्रदाता से शिकायत करें।








