मानसून सत्र में पहले दिन ही हंगामा: पेपर लीक और महंगाई पर संसद में विपक्ष का बवाल

Pihu Agarwal
5 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Anil Sen
6 घंटे पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Nidhi kumari
6 घंटे पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Ada khan
7 घंटे पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Diya Gupta
8 घंटे पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Yash Kulkarni
8 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Pihu Agarwal
8 घंटे पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Aarav Sharma
10 घंटे पहलेBahut achhi reporting ki hai, keep it up!
Arjun Singh
10 घंटे पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Vihaan Patel
11 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Navya Nair
11 घंटे पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Sneha Menon
12 घंटे पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
Pooja Reddy
13 घंटे पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Kabir Shukla
13 घंटे पहलेChunav ke baad sab bhool jaate hain, yahi haqeeqat hai.
मानसून सत्र के पहले दिन विपक्ष का जोरदार प्रदर्शन
संसद का मानसून सत्र 20 जुलाई 2026 से शुरू होते ही पहले दिन भारी राजनीतिक हंगामे का गवाह बना। लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी दलों ने NEET-UG पेपर लीक, महंगाई, विपक्षी सांसदों के कथित दलबदल और अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा विवाद जैसे मुद्दों पर सरकार को घेर लिया। दोनों सदनों में लगातार नारेबाजी और विरोध प्रदर्शन के कारण सामान्य कामकाज प्रभावित हुआ। पहले ही दिन स्पष्ट हो गया कि यह पूरा सत्र बेहद टकरावपूर्ण रहने वाला है।
श्रद्धांजलि के बाद बढ़ा हंगामा, लोकसभा कई बार स्थगित
लोकसभा की कार्यवाही सुबह दिवंगत पूर्व सांसदों को श्रद्धांजलि देने के साथ शुरू हुई, लेकिन प्रश्नकाल शुरू होते ही विपक्षी सांसद वेल में पहुंचकर नारेबाजी करने लगे। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कई बार सदस्यों से अपनी सीटों पर लौटने और प्रश्नकाल चलने देने की अपील की, लेकिन हंगामा नहीं थमा। लगातार व्यवधान के चलते सदन की कार्यवाही पहले दोपहर तक और बाद में पूरे दिन के लिए स्थगित करनी पड़ी। इससे सरकार का निर्धारित विधायी एजेंडा पहले ही दिन प्रभावित हो गया।
शिक्षा मंत्री के इस्तीफे पर अड़ा INDIA गठबंधन
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में INDIA गठबंधन ने NEET-UG पेपर लीक मामले को सबसे बड़ा मुद्दा बनाया। विपक्ष ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करते हुए संसद में तत्काल चर्चा कराने की मांग रखी। विपक्ष का आरोप है कि परीक्षा प्रणाली की विफलता से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है और सरकार जवाबदेही से बच रही है। कार्यस्थगन प्रस्ताव स्वीकार नहीं होने के बाद विपक्ष का विरोध और तेज हो गया।
राज्यसभा में भी नहीं चला कामकाज, विपक्ष का वॉकआउट
राज्यसभा में भी विपक्ष ने महंगाई, पेपर लीक, अयोध्या विवाद और राजनीतिक दलबदल जैसे मुद्दों को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला। सभापति जगदीप धनखड़ द्वारा नियम 267 के तहत चर्चा की मांग अस्वीकार किए जाने के बाद कांग्रेस, टीएमसी, डीएमके सहित कई विपक्षी दलों के सांसदों ने विरोध जताया। कुछ दलों ने सदन से वॉकआउट भी किया। लगातार शोर-शराबे के कारण राज्यसभा की कार्यवाही भी बाधित रही और सदन को स्थगित करना पड़ा।
सरकार कई अहम विधेयक लाने की तैयारी में
मानसून सत्र 13 अगस्त 2026 तक चलेगा, जिसमें केंद्र सरकार कई महत्वपूर्ण विधेयक और नीतिगत प्रस्ताव संसद में पेश करने की तैयारी कर रही है। इनमें राष्ट्रीय महत्व के विधायी संशोधन, प्रशासनिक सुधार और अन्य सरकारी एजेंडे शामिल हैं। हालांकि विपक्ष के तेवरों को देखते हुए इन विधेयकों पर सुचारु चर्चा और पारित होने की राह आसान नहीं दिखाई दे रही है। सरकार और विपक्ष के बीच टकराव आगे भी जारी रहने के संकेत मिल रहे हैं।
पूरे सत्र में जारी रह सकती है राजनीतिक टकराव की स्थिति
पहले दिन के घटनाक्रम ने संकेत दे दिए हैं कि आगामी दिनों में संसद के भीतर राजनीतिक मुकाबला और तेज होगा। विपक्ष ने साफ कहा है कि जब तक पेपर लीक, महंगाई और अन्य प्रमुख मुद्दों पर सरकार स्पष्ट जवाब नहीं देती, तब तक उसका विरोध जारी रहेगा। दूसरी ओर सरकार अपने विधायी एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए रणनीति बना रही है। ऐसे में मानसून सत्र के शेष दिनों में भी लगातार हंगामा, तीखी बहस और राजनीतिक टकराव देखने की संभावना बनी हुई है।







