Netanyahu Faces UN Walkout: UN में नेतन्याहू के भाषण से पहले कई देशों के प्रतिनिधि बाहर निकले

Anika Rajput
0 सेकंड पहलेVishwa shanti ke liye yeh situation concerning hai.
Pihu Agarwal
0 सेकंड पहलेHum sabko milke is global challenge ka samna karna hoga.
Aarohi Chaudhary
0 सेकंड पहलेIs khabar ka asar kai deshon par padega.
Ishaan Tiwari
0 सेकंड पहलेVishwa shanti ke liye yeh situation concerning hai.
Yash Kulkarni
0 सेकंड पहलेIs khabar ka asar kai deshon par padega.
Rohan Desai
5 मिनट पहलेYeh global crisis sab ko affect kar sakti hai.
Trapti Tanwar
1 घंटे पहलेDuniya mein kuch bada hone wala hai, taiyar rehna hoga.
UN में नेतन्याहू के भाषण के दौरान वॉकआउट
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने 24 सितंबर को संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र में संबोधन दिया। उनके भाषण की शुरुआत से पहले और दौरान कई देशों के प्रतिनिधि सभागार से बाहर चले गए। रिपोर्टों के अनुसार, बड़ी संख्या में राजनयिकों के वॉकआउट के बाद सभागार की कई सीटें खाली दिखाई दीं।
नेतन्याहू ने दिखाया पेजर
अपने संबोधन के दौरान नेतन्याहू ने एक पेजर दिखाकर सितंबर 2024 में लेबनान में हिज्बुल्लाह के खिलाफ इजरायल की कार्रवाई का संदर्भ दिया। उन्होंने ईरान और क्षेत्र में उसके समर्थित समूहों के खिलाफ इजरायल की सैन्य कार्रवाइयों का बचाव किया।
ईरान पर लगाए गंभीर आरोप
नेतन्याहू ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम और क्षेत्रीय गतिविधियों पर कड़ी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि इजरायल का उद्देश्य ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना है और इसे इजरायल तथा दुनिया की सुरक्षा से जोड़ा।
जोहरान ममदानी पर भी निशाना
नेतन्याहू ने न्यूयॉर्क के मेयर जोहरान ममदानी की भी आलोचना की और उन पर इजरायल तथा गाजा युद्ध को लेकर एकतरफा रुख अपनाने के आरोप लगाए। ममदानी ने इससे पहले नेतन्याहू की सैन्य कार्रवाई की आलोचना की है और कहा है कि इजरायल की आलोचना करना यहूदी विरोधी भावना नहीं है।
ममदानी ने आरोपों को बताया आधारहीन
ममदानी ने नेतन्याहू के आरोपों को खारिज करते हुए गाजा में इजरायल की सैन्य कार्रवाई की आलोचना दोहराई। उन्होंने नेतन्याहू पर गाजा में हुई कार्रवाई को सही ठहराने के लिए गलत दावे करने का आरोप लगाया। इन बयानों को दोनों पक्षों के राजनीतिक मतभेदों के संदर्भ में देखा जा रहा है।
UN में बढ़ा अंतरराष्ट्रीय मतभेद
नेतन्याहू के संबोधन के दौरान हुए वॉकआउट ने इजरायल और गाजा युद्ध को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मौजूद गहरे मतभेदों को सामने रखा। कुछ प्रतिनिधि बाहर चले गए, जबकि सभागार में मौजूद इजरायली समर्थकों ने नेतन्याहू के समर्थन में तालियां बजाईं।








