NEET विवाद परआज महाराष्ट्र में राज्यव्यापी बंद: 26 जुलाई को ठाकरे बंधुओं का संयुक्त मार्च

Anil Sen
0 सेकंड पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Taushif Shekh
0 सेकंड पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Sai Mehta
0 सेकंड पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Nisha Shah
0 सेकंड पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
Pranav Srivastava
0 सेकंड पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Sonu rai
0 सेकंड पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Sai Mehta
0 सेकंड पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Pranav Srivastava
0 सेकंड पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Taushif Shekh
0 सेकंड पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
दिल्ली में NEET पेपर लीक और छात्र आंदोलन को लेकर हुए विरोध प्रदर्शन की गूंज अब महाराष्ट्र की राजनीति और जनजीवन तक पहुंच गई है। छात्र आंदोलन के समर्थन में आज पूरे महाराष्ट्र में बंद का आह्वान किया गया है। इस बंद को वंचित बहुजन आघाड़ी (VBA), महाविकास अघाड़ी (MVA) तथा कई विपक्षी दलों का समर्थन मिला है। वहीं, उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे ने भी 26 जुलाई को मुंबई में संयुक्त विरोध मार्च निकालने का ऐलान कर राज्य की राजनीति को नई दिशा दे दी है।
महाराष्ट्र बंद का मुख्य कारण
दिल्ली के जंतर-मंतर पर NEET पेपर लीक और छात्रों पर हुई कथित पुलिस कार्रवाई के विरोध में महाराष्ट्र में विपक्षी दल एकजुट हो गए हैं।वंचित बहुजन आघाड़ी के प्रमुख प्रकाश आंबेडकर ने राज्यव्यापी बंद का आह्वान किया, जिसे कांग्रेस, शिवसेना (UBT), शरद पवार गुट की NCP सहित महाविकास अघाड़ी ने समर्थन दिया है।
परिवहन और बाजार पर असर
बंद के दौरान मुंबई, पुणे, नागपुर, ठाणे और अन्य शहरों में कई स्थानों पर प्रदर्शन देखने को मिले।कुछ इलाकों में बस और ऑटो सेवाएं प्रभावित रहीं।बाजार एवं व्यापारिक प्रतिष्ठानों को बंद रखने की अपील की गई।पनवेल-सायन रोड, कुर्ला, चेंबूर, भांडुप और बांद्रा में यातायात धीमा रहा।हालांकि मुंबई लोकल, मेट्रो और BEST बस सेवाएं अधिकांश स्थानों पर सामान्य रूप से चलती रहीं।स्कूल, कॉलेज और आवश्यक सेवाएं।
राज्य सरकार ने किसी सार्वजनिक अवकाश की घोषणा नहीं की है।
पुलिस हाई अलर्ट पर स्कूल, कॉलेज और सरकारी कार्यालय खुले रहे।कुछ अभिभावकों ने सुरक्षा कारणों से बच्चों को स्कूल नहीं भेजा।अस्पताल, एम्बुलेंस, मेडिकल स्टोर, दूध एवं अन्य आवश्यक सेवाएं सामान्य रूप से संचालित होती रहीं।संभावित कानून-व्यवस्था को देखते हुए मुंबई, पुणे और अन्य संवेदनशील शहरों में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।प्रशासन ने सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है।
26 जुलाई को ठाकरे बंधुओं का संयुक्त शक्ति प्रदर्शन
राज्य की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर 26 जुलाई को मुंबई में विशाल 'तिरंगा मार्च' निकालने का ऐलान किया है।यह मार्च शिवाजी पार्क से सिद्धिविनायक मंदिर तक निकाला जाएगा, जिसमें छात्र, सामाजिक संगठन और विपक्षी दल शामिल होंगे।
शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
विपक्षी दलों ने NEET पेपर लीक मामले में नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराई है।उनका कहना है कि छात्रों के भविष्य से जुड़े इस मुद्दे पर सरकार को जवाबदेह होना चाहिए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि छात्र आंदोलन अब केवल शिक्षा का मुद्दा नहीं रह गया है, बल्कि यह राष्ट्रीय स्तर पर बड़ा राजनीतिक विषय बन चुका है। महाराष्ट्र बंद और 26 जुलाई के प्रस्तावित संयुक्त मार्च से आने वाले दिनों में राज्य की राजनीति और भी गर्माने की संभावना है।






