चलती बस में 16 वर्षीय नाबालिग से गैंगरेप: ड्राइवर और कंडक्टर गिरफ्तार

Myra Dubey
0 सेकंड पहलेPolice ko aur tezi se karyawahi karni chahiye.
Saanvi Pandey
0 सेकंड पहलेCBI ya SIT jaanch honi chahiye is mamle mein.
Taushif Shekh
0 सेकंड पहलेAise logon ko chhoda bilkul nahi jaana chahiye.
Reyansh Joshi
0 सेकंड पहलेKanoon ko apna kaam karna chahiye bina der ke.
Ananya Sharma
3 घंटे पहलेSociety ke liye yeh bahut badi chinta ka vishay hai.
Payal jadon
4 घंटे पहलेApradhi ko sakht se sakht saza milni chahiye!
Sai Mehta
5 घंटे पहलेSociety ke liye yeh bahut badi chinta ka vishay hai.
Ishaan Tiwari
6 घंटे पहलेApradhi ko sakht se sakht saza milni chahiye!
Vihaan Patel
7 घंटे पहलेSociety ke liye yeh bahut badi chinta ka vishay hai.
दिल्ली-NCR में एक नाबालिग लड़की के साथ चलती स्लीपर बस में कथित गैंगरेप का गंभीर मामला सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, ग्रेटर नोएडा के परी चौक से कश्मीरी गेट की ओर जा रही बस में 16 वर्षीय पीड़िता के साथ वारदात हुई। मामले की जानकारी सामने आने के बाद दिल्ली पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए बस के ड्राइवर और कंडक्टर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने संबंधित बस को भी जब्त कर लिया है और उसे फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।
चलती बस में नाबालिग से वारदात
पुलिस के अनुसार, 16 वर्षीय छात्रा ग्रेटर नोएडा के परी चौक से नोएडा जाने के लिए निकली थी, लेकिन परिस्थितियों के कारण वह वहां उतर गई। इसी दौरान उसे बस में लिफ्ट देने के बहाने बैठाया गया। आरोप है कि बस के अंदर ड्राइवर और कंडक्टर ने पर्दों का फायदा उठाकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। घटना के बाद पीड़िता को कश्मीरी गेट के पास छोड़ दिया गया, जिसके बाद उसने पुलिस से संपर्क कर शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत के बाद पुलिस ने शुरू की जांच
पीड़िता की शिकायत मिलने के बाद दिल्ली पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और घटनाक्रम से जुड़े सुराग जुटाए। पुलिस ने बस की पहचान के लिए CCTV फुटेज और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की मदद ली। जांच के दौरान पुलिस को संदिग्ध स्लीपर बस के बारे में जानकारी मिली, जिसके आधार पर आरोपियों तक पहुंचने की कार्रवाई तेज की गई। पुलिस ने मामले से जुड़े तथ्यों और घटनाक्रम की जांच करते हुए आरोपियों की पहचान की।
तिमारपुर इलाके से दोनों आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने कार्रवाई करते हुए बस के ड्राइवर और कंडक्टर को दिल्ली के तिमारपुर इलाके से गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और पुलिस घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है। जांच एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वारदात के दौरान बस में और कौन लोग मौजूद थे। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
बस को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा
घटना में इस्तेमाल बताई जा रही स्लीपर बस को पुलिस ने जब्त कर लिया है। बस को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है, ताकि मामले से जुड़े वैज्ञानिक और भौतिक साक्ष्य जुटाए जा सकें। पुलिस CCTV फुटेज, पीड़िता के बयान और अन्य उपलब्ध सबूतों को जांच का हिस्सा बना रही है। इन साक्ष्यों के आधार पर घटना की पूरी कड़ी को जोड़ने और आरोपों की पुष्टि करने की कोशिश की जा रही है।
POCSO और BNS की धाराओं में मामला दर्ज
नाबालिग पीड़िता का बयान कानून के अनुसार दर्ज किया गया है और मामले में आरोपियों के खिलाफ पोक्सो एक्ट तथा भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। चूंकि पीड़िता नाबालिग है, इसलिए मामले में बच्चों के खिलाफ यौन अपराधों से संबंधित कानूनी प्रावधान लागू किए गए हैं। पुलिस आरोपियों के खिलाफ आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है और जांच पूरी होने के बाद मामले में आवश्यक कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
पुलिस जांच में जुटी, सुरक्षा पर उठे सवाल
चलती बस में नाबालिग के साथ हुई इस गंभीर वारदात ने सार्वजनिक परिवहन में महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े किए हैं। पुलिस मामले की जांच के साथ-साथ घटना से जुड़े सभी तथ्यों को सामने लाने में जुटी है। आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस उपलब्ध साक्ष्यों और बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी। मामले की जांच पूरी होने के बाद ही घटना से जुड़े सभी पहलुओं की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सकेगी।







