NEET प्रदर्शनकारियों को बड़ी राहत: दिल्ली सरकार वापस लेगी 13 FIR

Vihaan Patel
0 सेकंड पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Ritika Ghosh
0 सेकंड पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Navya Nair
0 सेकंड पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Anjali Patil
0 सेकंड पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Tanya Bajaj
0 सेकंड पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Neha Tripathi
0 सेकंड पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Aarav Sharma
0 सेकंड पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Aryan Malhotra
0 सेकंड पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Sonu rai
0 सेकंड पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Reyansh Joshi
0 सेकंड पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Anika Rajput
0 सेकंड पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Vaishali shinde
0 सेकंड पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Monika Das
0 सेकंड पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Dev Kapoor
0 सेकंड पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Harsh Pandya
0 सेकंड पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Kavya Mishra
0 सेकंड पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Nisha Shah
0 सेकंड पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Dhruv Bhatt
0 सेकंड पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
Shruti Bajpai
1 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Priya Iyer
1 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Diya Gupta
1 घंटे पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Ayaan Khan
1 घंटे पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Neha Tripathi
1 घंटे पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Vihaan Patel
1 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Vaishali shinde
2 घंटे पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Sonu rai
2 घंटे पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Ishaan Tiwari
2 घंटे पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Rohan Desai
3 घंटे पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Saanvi Pandey
3 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
नीट परीक्षा में कथित पेपर लीक और धांधली के विरोध में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने वाले छात्रों को दिल्ली सरकार ने बड़ी राहत दी है। गृह विभाग ने उपराज्यपाल (LG) की मंजूरी के बाद दिल्ली पुलिस को निर्देश दिया है कि आंदोलन से जुड़े छात्रों के खिलाफ दर्ज सभी 13 एफआईआर बंद की जाएं और शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर कोई दंडात्मक कार्रवाई न की जाए। इस फैसले से सैकड़ों छात्रों को राहत मिलने की उम्मीद है।
13 एफआईआर बंद करने का आदेश
सरकार के आदेश के अनुसार, 29 जुलाई 2026 तक जंतर-मंतर और नई दिल्ली क्षेत्र में दर्ज सभी 13 एफआईआर की समीक्षा कर उन्हें बंद किया जाएगा। यदि कोई छात्र इन मामलों में हिरासत या न्यायिक अभिरक्षा में है तो उसके मामले की तत्काल समीक्षा कर जल्द रिहाई की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। सरकार ने स्पष्ट किया है कि शांतिपूर्ण विरोध को अपराध नहीं माना जाएगा।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद फैसला
दिल्ली सरकार का यह निर्णय सुप्रीम कोर्ट के 28 जुलाई 2026 के अंतरिम आदेश के बाद आया है। शीर्ष अदालत ने कहा था कि अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले छात्रों के खिलाफ अनावश्यक बल प्रयोग या कठोर कानूनी कार्रवाई उचित नहीं है। इसी निर्देश के अनुरूप दिल्ली सरकार ने यह राहत देने का निर्णय लिया।
हिंसा में शामिल लोगों को नहीं मिलेगी छूट
सरकार ने अपने आदेश में स्पष्ट किया है कि यह राहत केवल उन छात्रों को मिलेगी जिन्होंने शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन किया। जिन लोगों का आपराधिक रिकॉर्ड है या जो हिंसा, तोड़फोड़ अथवा सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने जैसी गतिविधियों में शामिल पाए गए हैं, उनके खिलाफ कानून के अनुसार जांच और कार्रवाई जारी रहेगी।
अन्य राज्यों ने भी उठाए समान कदम
दिल्ली से पहले बिहार, असम और पश्चिम बंगाल की सरकारें भी नीट आंदोलन से जुड़े छात्रों के खिलाफ दर्ज मामलों को वापस लेने या राहत देने की घोषणा कर चुकी हैं। लगातार बढ़ते छात्र आंदोलन और परीक्षा सुधारों की मांग के बीच कई राज्यों ने नरम रुख अपनाया है, जिससे आंदोलनकारी छात्रों को कानूनी राहत मिल रही है।
आंदोलन के बाद अब परीक्षा सुधार पर फोकस
सरकार के इस फैसले के बाद अब ध्यान परीक्षा प्रणाली में सुधार और पारदर्शिता बढ़ाने पर केंद्रित हो गया है। छात्रों की प्रमुख मांगों पर विचार करने, परीक्षा प्रक्रिया को मजबूत बनाने और भविष्य में पेपर लीक जैसी घटनाओं को रोकने के लिए सुधारात्मक कदमों की दिशा में आगे बढ़ने की तैयारी की जा रही है। सरकार और संबंधित एजेंसियों से अब स्थायी समाधान की उम्मीद जताई जा रही है।







