अस्पताल से फिर जेल भेजे गए इमरान खान: डॉक्टरों ने बताया मेडिकली फिट

Vaishali shinde
0 सेकंड पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Simran Arora
0 सेकंड पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Pihu Agarwal
0 सेकंड पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Saanvi Pandey
0 सेकंड पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Aditya Verma
7 मिनट पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Ravi sinha
31 मिनट पहलेBahut achhi reporting ki hai, keep it up!
Dev Kapoor
2 घंटे पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
Navya Nair
2 घंटे पहलेChunav ke baad sab bhool jaate hain, yahi haqeeqat hai.
Krishna Yadav
3 घंटे पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Kunal Rao
3 घंटे पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान को अस्पताल में मेडिकल जांच के कुछ घंटे बाद दोबारा अदियाला जेल भेज दिया गया। 20 अगस्त की देर रात उन्हें सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर कड़ी सुरक्षा के बीच जेल से अस्पताल ले जाया गया था। इमरान खान के स्वास्थ्य और खासकर उनकी दाहिनी आंख की रोशनी को लेकर परिवार और वकीलों ने चिंता जताई थी। अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने उनकी स्वास्थ्य जांच की। जांच के बाद उन्हें मेडिकल रूप से फिट घोषित किए जाने की जानकारी सामने आई। इसके बाद 21 अगस्त की सुबह करीब 5 बजे उन्हें भारी सुरक्षा के बीच वापस जेल पहुंचा दिया गया।
सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर अस्पताल ले जाया गया
इमरान खान को स्वास्थ्य जांच और इलाज के लिए अस्पताल भेजने का फैसला पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद हुआ था। उनके वकीलों और परिवार की ओर से उनकी बिगड़ती सेहत को लेकर अदालत में चिंता जताई गई थी। खास तौर पर उनकी दाहिनी आंख की रोशनी कम होने और स्वास्थ्य संबंधी अन्य समस्याओं का मुद्दा उठाया गया था। कोर्ट के निर्देश के बाद प्रशासन ने उन्हें अदियाला जेल से इस्लामाबाद के अस्पताल पहुंचाया। इस दौरान अस्पताल और आसपास के इलाके में सुरक्षा व्यवस्था काफी कड़ी रखी गई। अस्पताल के बाहर बड़ी संख्या में PTI समर्थकों के पहुंचने की भी जानकारी सामने आई।
विशेषज्ञ डॉक्टरों ने की जांच
अस्पताल पहुंचने के बाद इमरान खान की जांच के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम गठित की गई। इस टीम में नेत्र रोग विशेषज्ञ, हृदय रोग विशेषज्ञ और फिजिशियन के शामिल होने की जानकारी दी गई है। डॉक्टरों ने उनकी आंखों सहित स्वास्थ्य से जुड़े जरूरी परीक्षण किए। पाकिस्तान सरकार की ओर से कहा गया कि जांच के बाद इमरान खान को मेडिकल रूप से फिट पाया गया। इसके बाद उन्हें अस्पताल में रखने की जरूरत नहीं समझी गई। मेडिकल जांच पूरी होने के कुछ घंटों बाद ही प्रशासन ने उन्हें वापस जेल भेजने का फैसला किया।
PTI ने सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
इमरान खान को जल्दबाजी में अस्पताल से जेल भेजे जाने के फैसले पर उनकी पार्टी PTI ने कड़ी आपत्ति जताई है। पार्टी नेताओं और इमरान खान के परिवार ने इसे सरकार और सैन्य प्रतिष्ठान की कार्रवाई बताया है। PTI का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुसार उन्हें लंबे समय तक अस्पताल में रखकर इलाज किया जाना था। पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि इमरान खान को पर्याप्त इलाज दिए बिना वापस जेल भेज दिया गया। उनकी बहन और समर्थकों ने भी इस फैसले पर सवाल उठाए हैं। PTI ने इसे इमरान खान के साथ अन्याय और क्रूर कार्रवाई करार दिया है।
भारी सुरक्षा के बीच जेल वापसी
अस्पताल से डिस्चार्ज किए जाने के बाद इमरान खान को भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच वापस अदियाला जेल ले जाया गया। उनकी जेल वापसी के दौरान सुरक्षा बलों की बड़ी तैनाती की गई थी। प्रशासन की ओर से सुरक्षा को लेकर विशेष इंतजाम किए गए। इमरान खान लंबे समय से जेल में बंद हैं और उनकी कानूनी तथा राजनीतिक लड़ाई लगातार जारी है। उनकी सेहत को लेकर पहले भी PTI और परिवार की ओर से चिंता जताई जाती रही है। अस्पताल से जेल भेजे जाने के बाद पाकिस्तान में एक बार फिर उनकी स्वास्थ्य स्थिति और जेल में इलाज को लेकर राजनीतिक विवाद शुरू हो गया है।
इलाज और कोर्ट के आदेश पर बढ़ा विवाद
इमरान खान को अस्पताल में कितने समय तक रखा जाना था और उन्हें वापस जेल भेजने का फैसला किस आधार पर लिया गया, इसको लेकर राजनीतिक विवाद बढ़ गया है। सरकार का कहना है कि विशेषज्ञ डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मेडिकल रूप से फिट पाया था। वहीं PTI का आरोप है कि कोर्ट के निर्देशों के बावजूद उन्हें पर्याप्त समय तक अस्पताल में इलाज नहीं दिया गया। इमरान खान की दाहिनी आंख और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं को लेकर उनके परिवार की चिंता भी बनी हुई है। इस पूरे घटनाक्रम ने पाकिस्तान में सरकार, न्यायपालिका और PTI के बीच चल रहे तनाव को और बढ़ा दिया है। अब इस मामले में अदालत और इमरान खान की पार्टी की अगली प्रतिक्रिया पर नजर रहेगी।








