Court Orders FIR In Blackmail Case: आगरा में छात्रा से तीन साल शोषण का आरोप

Vivaan Gupta
0 सेकंड पहलेPoori detail share karein, hum aur jaanna chahte hain.
आगरा के शाहगंज थाना क्षेत्र में एमकॉम की एक छात्रा ने युवक पर गंभीर आरोप लगाए हैं। छात्रा के मुताबिक करीब तीन साल पहले सोशल मीडिया के जरिए उसकी पहचान मुरली विहार कॉलोनी निवासी युवक से हुई थी। बातचीत बढ़ने के बाद दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और आरोपी ने शादी का भरोसा दिलाया। छात्रा का आरोप है कि इसी भरोसे का फायदा उठाकर आरोपी ने उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए और बाद में उसे लगातार मानसिक दबाव में रखा। मामले में पुलिस ने कोर्ट के आदेश के बाद प्राथमिकी दर्ज की है।
शादी का वादा कर शोषण का आरोप
पीड़िता ने पुलिस और अदालत में दिए प्रार्थनापत्र में आरोप लगाया कि युवक शादी का वादा करके करीब तीन साल तक उसका शारीरिक शोषण करता रहा। छात्रा का कहना है कि जब वह शादी के लिए दबाव बनाती थी तो आरोपी कथित तौर पर उसे टाल देता था। रिपोर्ट के अनुसार आरोपी पर ब्लैकमेलिंग और पैसे ऐंठने के भी आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों की पुलिस जांच कर रही है और फिलहाल इन्हें शिकायतकर्ता के आरोप के रूप में ही देखा जा रहा है।
फोटो वीडियो के जरिए ब्लैकमेलिंग का आरोप
शिकायत में छात्रा ने आरोप लगाया कि आरोपी ने उसकी तस्वीरों और वीडियो का इस्तेमाल कर उसे धमकाया और ब्लैकमेल किया। आरोप है कि वह इन सामग्री को परिवार और अन्य लोगों के सामने सार्वजनिक करने की धमकी देता था। इस कथित दबाव के कारण छात्रा लंबे समय तक मामले को लेकर चुप रही। हालांकि वायरल या अश्लील सामग्री के संबंध में स्वतंत्र पुष्टि सामने नहीं आई है, इसलिए खबर में इसे आरोपी के खिलाफ लगाए गए आरोप के तौर पर ही रखा जाना जरूरी है।
दूसरी युवती से सगाई का आरोप
मामला तब और गंभीर हो गया जब छात्रा को कथित तौर पर पता चला कि युवक ने किसी दूसरी युवती से सगाई कर ली है। अमर उजाला की रिपोर्ट के मुताबिक 19 जुलाई को आरोपी की दूसरी युवती से सगाई होने की जानकारी सामने आई। इसके बावजूद छात्रा का आरोप है कि आरोपी उसे शादी का भरोसा देता रहा। एक सितंबर को आरोपी के परिवार के साथ छात्रा के घर पहुंचने और धमकी दिए जाने का भी आरोप शिकायत में लगाया गया है। पुलिस अब शिकायत में लगाए गए इन आरोपों की जांच कर रही है।
कोर्ट के आदेश के बाद दर्ज हुई FIR
छात्रा का आरोप है कि शिकायत के बाद शुरुआती स्तर पर पुलिस से अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई, जिसके बाद उसने अदालत का रुख किया। अदालत के आदेश के बाद शाहगंज थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और शिकायत में लगाए गए आरोपों से जुड़े तथ्यों तथा साक्ष्यों की पड़ताल की जा रही है। फिलहाल आरोपी के खिलाफ लगे आरोप अदालत में साबित नहीं हुए हैं, इसलिए मामले को आरोप और पुलिस जांच के स्तर पर ही रिपोर्ट किया जाना उचित है।





